
मुंबई: अंडरवर्ल्ड के नाम पर 50 लाख की ठगी और परिवार को जान से मारने की धमकी; ‘कबीर पठान’ के खिलाफ शिकायत दर्ज
मुंबई: आर्थिक राजधानी के दादर इलाके से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक महिला और उनके परिवार को अंडरवर्ल्ड का डर दिखाकर लाखों रुपये की ठगी और मानसिक प्रताड़ना का शिकार बनाया गया है। पीड़िता दीप्ति दर्शन मिठबावकर ने इस संबंध में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री, पुलिस महानिदेशक (DGP) और एटीएस (ATS) सहित वरिष्ठ अधिकारियों को पत्र लिखकर न्याय की गुहार लगाई है।

क्या है पूरा मामला? शिकायत के अनुसार, दीप्ति मिठबावकर के पति दुबई में एक्सपोर्ट-इंपोर्ट का व्यवसाय करते हैं। व्यापार के दौरान दुबई के एक व्यापारी ने उनके साथ करीब 50 लाख रुपये की धोखाधड़ी की थी। अपने डूबे हुए पैसे वापस पाने की कोशिश में पीड़िता की मुलाकात मोहम्मद कबीर मोहम्मद लीक (कबीर पठान) नाम के व्यक्ति से हुई। विश्वासघात और वसूली का खेल
कबीर ने पीड़ित परिवार को विश्वास में लिया कि उसके दुबई में बड़े रसूख हैं और वह 20% कमीशन पर उनके पैसे वापस दिलवा देगा। मदद के बहाने उसने सबसे पहले: खर्चे के नाम पर नकद रुपये लिए।
घूमने-फिरने के लिए पीड़िता की हुंडई क्रेटा गाड़ी (MH-43 BU 2237) अपने कब्जे में ले ली, जो उसने अब तक वापस नहीं की है।
फायरिंग और जानलेवा हमला
घटनाक्रम के मुताबिक, कबीर ने पीड़ितों को डराने के लिए कई साजिशें रचीं:
मीरा रोड की घटना: अप्रैल 2025 में कबीर पीड़ितों को मीरा रोड ले गया, जहां उनकी गाड़ी पर फायरिंग हुई। कबीर ने इसे अंडरवर्ल्ड का हमला बताकर उन्हें पुलिस के पास जाने से रोका।
दुबई में लूट: कबीर ने पीड़ितों को दुबई बुलाया और वहां उनसे आईफोन, गहने और नकद समेत करीब 7.5 लाख रुपये ऐंठ लिए।
सूरत में हमला: अक्टूबर 2025 में सूरत ले जाकर कबीर ने 10-15 गुंडों के साथ मिलकर पीड़ित के पति पर चाकू से हमला करवाया और पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी दी।
अंडरवर्ल्ड के नामों का इस्तेमाल
पीड़िता का आरोप है कि कबीर खुद को अंडरवर्ल्ड से जुड़ा बताता है। उसने दावा किया कि उसका परिवार 1993 के मुंबई बम धमाकों में शामिल था और उसके संबंध बड़े गैंगस्टरों से हैं। इतना ही नहीं, कबीर की मां ने पीड़िता पर उनका दादर स्थित घर अपने नाम करने के लिए दबाव भी बनाया।
पीड़ित परिवार की मांगें:
पीड़िता ने प्रशासन से गुहार लगाते हुए निम्नलिखित मांगें रखी हैं:
इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की जाए।
आरोपी मोहम्मद कबीर और उसके साथियों पर धोखाधड़ी, रंगदारी और धमकी के तहत सख्त कार्रवाई हो।
पीड़ित परिवार को तत्काल पुलिस सुरक्षा प्रदान की जाए।
उनकी गाड़ी और अन्य संपत्ति वापस दिलाई जाए।
इस मामले ने एक बार फिर मुंबई में अंडरवर्ल्ड के नाम पर चल रहे फर्जीवाड़े और जबरन वसूली के काले खेल को उजागर कर दिया है।
रिपोर्ट: लीड इंडिया टीवी न्यूज़ डेस्क
